Saturday, November 29, 2025
Home समाज जिला कारागार में कार्यशाला एवं नाट्य मंचन

जिला कारागार में कार्यशाला एवं नाट्य मंचन

जनपद सिद्धार्थनगर के कारागार में वर्षों से कैद आजीवन कारावास के कैदियों के विचारों में सकारात्मकता लाने एवं उनके ठहरे हुए जीवन को पुनः गति प्रदान करने के उद्देश्य से नवोन्मेष द्वारा जिला कारागार सिद्धार्थनगर में द्विमासीय अभिनय एवं व्यक्तित्य विकास कार्यशाला का आयोजन किया गया. तत्कालीन जेलर श्री डी.सी.मिश्र से विशेष अनुमति प्राप्ति के उपरांत कार्यशाला का शुभारम्भ किया गया. इस कार्यशाला में एक तरफ रंगमंच के माध्यम से कैदियों से भावनात्मक रूप से जुड़ने का प्रयास किया गया तो वही दूसरी तरफ उनका संवेदीकरण कर विचारों में सकारात्मक लाने का प्रयत्न भी किया गया. कार्यशाला हेतु कुल बारह कैदियों का चयन किया गया जिन्हें प्रतिदिन ४-५ घंटे प्रशिक्षण प्रदान किया जाता रहा. कार्यशाला के दौरान कैदियों को नाटक “अपराधी नहीं हूँ मैं” के मंचन हेतु तैयार किया गया जिसके लिए उन्हें सर्वप्रथम अभिनय एवं मंच की बारीकियों से परिचित कराया गया.

577970_478142932252186_897319126_n

दो महीने के निरंतर प्रयत्न के उपरांत बारह कैदियों की ये टोली अपनी अभिनय प्रतिभा का लोहा मनवाने को तैयार थी. दिनांक ०४ मार्च २०१३ को कारागार परिसर में नवोन्मेष द्वारा ऐसा माहौल पैदा किया गया मनो ये कारागार नहीं अपितु कोई सांस्कृतिक स्थली है. इसी दिन कैदियों के मंचन हेतु सारे इन्तेजाम किये गए जिसमे कारागार प्रशासन एवं नगर पालिका अध्यक्ष की सराहनीय भूमिका रही. “अपराधी नहीं हूँ मैं” का मंचन लगभग एक घंटे चालीस मिनट चला जिसके दौरान पूरा कारागार परिसर तालियों की गडगडाहट के गूंजता रहा. नाटक का निर्देशन एवं संगीत नवोन्मेष अध्यक्ष विजित सिंह द्वारा किया गया एवं सहायक निर्देशन की भूमिका में धीरज गुप्ता एवं अनुराग त्रिपाठी की भूमिका उल्लेखनीय रही. कार्यक्रम में बतौर मुख्य अथिति जेलर श्री डी.सी. मिश्र, एवं विशिष्ठ अथिति के रूप में श्री राणा प्रताप सिंह उपस्थित रहे.

- Advertisment -

Most Popular

मुस्कुराकर चल मुसाफ़िर I Poetry I Gopal Das Neeraj I Vijit Singh

Muskurakar Chal Musafir I मुस्कुराकर चल मुसाफ़िर … Written by Gopaldas Neeraj I कवि : गोपालदास नीरज Recited by Vijit Singh...

विश्वास तुम रखो स्वयं पर । Poetry । Vivek Pareek । Vijit Singh

Vishwas Tum Rakho Swayam Par । विश्वास तुम रखो स्वयं पर …Written by Vivek Pareek । कवि : विवेक पारीकPoetry recited by...

बस हिम्मत कर चलते रहना I Poetry I Ritesh Rajwada I Vijit Singh

Bas Himmat Kar Chalte Rahna । बस हिम्मत कर चलते रहना …Written by Ritesh Rajwada । कविता पाठ : विजित सिंह Poetry recited...

IAS Dr. Hari Om Interview with Vijit Singh

Principal Secretary Vocational Education & Skill Development & Entrepreneurship Department, Uttar Pradesh, IAS Dr. Hari Om interview with Vijit Singh .

Recent Comments